नियोक्ता संस्था ने किया निष्कासित
फर्जी तरीके से साढे तीन साल बैंक संचालक रहकर कई अहम फैसलों पर किये हस्ताक्षर व पारित निर्णयों को शून्य घोषित किया जाये
श्रीमति अरूणा जोशी ने बैंक से जो भी सुविधा व लाभ लिया हो,शासन उसकी व्याज सहित वसूली करें, एफआईआर की मॉग
होशंगाबाद- आखिरकार अपने कार्यक्षैत्र से बाहर ग्राम पनारी में निवास करने वाली श्रीमति अरूणा जोशी की प्रतिनिधि संस्था महारानी लक्ष्मीबाई प्राथमिक सहकारी उपभोक्ता भण्डार पिपरिया ने 12 मार्च को प्रस्ताव लाकर उन्हें फर्जी तरीके से दी गयी संस्था की प्राथमिक सदस्यता से निष्कासित कर उनकी सदस्यता समाप्त कर दी है वे जिला सहकारी बैंक की साढे तीन साल तक संचालक रहने के बाद स्वमेव अपात्र होने से हट गयी है । नागरिक अधिकार जनसमस्या निराकरण समिति के अध्यक्ष आत्माराम यादव ने उनकी प्रतिनिधि संस्था के प्रबन्धक, अध्यक्ष एवं संचालकमण्डल पर कपटपूर्वक तैयार कूटरचित दस्तावेजों का सहारा लेकर अपनी संस्था के कार्यक्षैत्र में निवास न होते हुये निवास बतलाकर संस्था की सदस्यता प्रदान कर जिला बैक प्रतिनिधि बनाने के ष्ड्यंत्र एवं सहकारी बैंक में दिसम्बर 2015 से मार्च 2018 तक संचालक रही श्रीमति अरूणा जोशी से अनुचित रूप से पद पर रहकर बैंक से लिये गये आर्थिक लाभों की ब्याज सहित वसूली तथा बोर्ड बैठकों में पारित प्रस्तावों, ठहरावों को शून्य घोषित करने व प्रतिनिधि संस्था का पंजीयन निरस्त करने के साथ पुलिस थाने में अपराध दर्ज करने की मॉग उपपंजीयक सहकारिता,कलेक्टर एवं पुलिस अधीक्षक से की है।
श्रीमति अरूणा जोशी को नियमविरूद् जैसे ही फर्जी तरीके से महारानी लक्ष्मीबाई प्राथमिक उपभोक्ता भण्डार पिपरिया द्वारा अपने कार्यक्षैत्र की निवासी बतलाकर सदस्यता क्रमांक-399 पर नाम दर्ज किया और उन्होंने उस आधार पर जिला सहकारी बैंक के संचालक पद के निर्वाचन हेतु आवेदन किया तब हरिजन ग़हनिर्माण सहकारी समिति के प्रतिनिधि ने 4 दिसम्बर 2015 को रिटर्निग अधिकारी के समक्ष उक्त फर्जीवाडा रोकने की आपत्ति दर्ज करायी किन्तु राजनैतिक दबाव के रहते आपत्ति का निराकरण किये बिना श्रीमति जोशी को जिला सहकारी बैंक का संचालक चुन लिया गया। तभी से नागरिक अधिकार जनसमस्या निराकरण समिति मुख्यमंत्री,सहकारिता मंत्री,मुख्यसचिव, प्रमुखसचिव सहकारिता, पंजीयक सहपदेन आयुक्त सहकारिता, संयुक्त आयुक्त सहकारिता, आयुक्त राजस्व नर्मदापुरम संभाग,कलेक्टर आदि को समय समय पर अवगत कराते हुये उनकी सदस्यता निरस्त करने हेतु उनके निवास स्थान इन्दिरा वार्ड पिपरिया न होते हुये उनके ग्राम पंचायत पनारी, वार्ड नं;8, ग्राम पनारी की मतदाता सूची के मतदाता क्रमांक-542 गृह क्रमांक-124/2 के निवासी होने के साक्ष्य प्रस्तुत किये गये किन्तु भाजपा सरकार एवं संगठन के प्रभाव के रहते कोई भी कार्यवाही नहीं की गयी।
सरकार बदलते ही नागरिक अधिकार जनसमस्या निराकरण समिति के अध्यक्ष आत्माराम यादव ने उक्त शिकायत पुन: मुख्यमंत्री कमलनाथ, प्रभारी मंत्री पीसी शर्मा, सहकारिता मंत्री डाक्टर गोविन्दसिंह,कृषिमंत्री सचिन यादव के संज्ञान में लायी गयी तब प्रमुखसचिव द्वारा सॅख्ती के साथ पंजीयक सहपदेन आयुक्त सहकारिता केदार शर्मा से सवालजबाव किया गया और उन्होंने संयुक्त आयुक्त पर सॅख्ती दिखायी परिणाम स्वरूप उपायुक्त कार्यालय द्वारा पूर्व में 11 सितम्बर 2018 की जॉच में स्वीकार किया था कि श्रीमति अरूणा जोशी नियमानुसार संस्था की सदस्य नहीं है तभी वे हटायी जाना थी परन्तु भाजपाईयों की कठपुतली बने अधिकारी अपनी जॉच पर कार्यवाही करने में पंगु बने रहे परिणाम स्वरूप अरूणा जोशी की सदस्यता उनकी प्रतिनिधि समिति ने 13 मार्च को उनकी सेवायें समाप्त कर संस्था की प्राथमिक सदस्यता से निष्कासित कर दिया है तब ऐसी स्थिति में अयोग्य होते हुये संचाक के रूप में उनके द्वारा लिये गये लाभ की वसूली व पारित प्रस्ताव, ठहराव के निर्णय शून्य किये जाने तथा महारानी लक्ष्मीबाई प्राथमिक सहकारी उपभोक्ता भण्डार का पंजीय निरस्त करने व उस संस्था के प्रबन्धक राजेन्द्र सोनी सहित अध्यक्ष एवं संचालकों पर धारा 420 व मध्यप्रदेश भ्रष्ट आचरण निवारण अधिनियम 1982 की धारा 33 तथा मध्यप्रदेश सहकारी अधिनियम 1960 की धारा 74 के तहत जानबूझकरमिथ्या रिपोर्ट पर पद पर बनाये रखने में बेईमानी से चूक के लिये अपराध किये जाने पर संबंधितों के खिलाफ पुलिस थाने में मामला कायम किया जाये।