तमिलनाडू : तमिलनाडु और पुड्डुचेरी में गाजा तूफान 2004 में आए सुनामी के बाद सबसे प्रलयकारी तूफान साबित हुआ l हालांकि इस बार सुनामी जैसी तबाही नहीं हुई, लेकिन काफी नुकसान जरूर हुआ l
करीब 110 किलो प्रति घंटा की स्पीड वाले गाजा तूफान के कारण राज्य के कई जिलों में करीब 13 हजार ट्रांसफॉर्मर गिर गए जबकि 5 हजार से ज्यादा पेड़ उखड़ गए. फिलहाल तूफान केरल की तरफ मूड़ गया है. मौसम विभाग का कहना है कि चक्रवातीय तूफान के पश्चिम की ओर बढ़ने और अगले छह घंटे में कमजोर पड़ने की संभावना है l
मुख्यमंत्री ईके पलानीस्वामी ने कहा था कि सरकार युद्धस्तर पर काम कर रही है l हालांकि तूफान और तेज बारिश के कारण अब तक 13 लोगों की मौत हो चुकी है. तेज हवाओं के कारण राज्य के कई जिलों में ढेरों घरों को खासा नुकसान पहुंचा और कई पेड़ उखड़ गए l
तमिलनाडु सरकार ने तूफान के स्तर को देखते हुए 471 रिलीफ केंद्र बनाए जिसमें 81,948 पीड़ित लोगों को रखा गया है. इसके अलावा 216 मेडिकल टीम भी बनाई गई, साथ में 405 एंबुलेंस को स्टैंडबाई के रूप में तैनात किया गया है l
हालांकि कई रिलीफ केंद्रों पर मौजूद लोगों को समय से भोजन नहीं मिल पा रहा है. नागापट्टनम के एक स्कूल विद्धा आश्रम स्कूल में बनाए गए केंद्र में कल रात खाना समय से नहीं पहुंचा जिस कारण बच्चों को रात साढ़े 11 बजे खाने को मिला l
तूफान के कारण मारे गए 13 लोगों के परिजनों को राज्य सरकार की ओर से 10-10 लाख रुपए का मुआवजा दिया जाएगा. जबकि गंभीर रूप से घायल लोगों को राहत कोष से 1-1 लाख रुपए दिए जाएंगे. वहीं मामूली रूप से घायल लोगों को 25-25 हजार रुपए दिए जाएंगे l