ठेकेदार एवं जाने माने कांग्रेसी नेता की शिकायत पर जबलपुर लोकायुक्त टीम ने अनुविभागीय अधिकारी राजस्व पर शिकंजा कसते हुए बड़ी कार्यवाही को अंजाम दिया है । फरियादी की शिकायत पर एसडीएम को रिश्वत के 2 लाख के साथ धर दबोचा हैं । लोकायुक्त टीम ने बुधवार सुबह परमहंसी गंगा आश्रम के नजदीक स्थित PWD रेस्ट हाउस में गोटेगांव एसडीएम रमेश वंशकार पर कार्यवाही की है।

जानकारी के मुताबिक नगर के प्रतिष्ठित ठेकेदार एवं कांग्रेसी नेता सुरेंद्र राय लंबे समय से सड़क निर्माण हेतु मिट्टी खदान की मंजूरी के लिए एसडीएम कार्यालय के चक्कर काट रहे थे । परन्तु एसडीएम द्वारा उनसे खदान मंजूरी को लेकर रिश्वत की मांग की जा रही थी । गौरतलब रहे कि एसडीएम वंशकार के पास से 2 लाख रुपए जप्त किए गए हैं । इसके अलावा भी एसडीएम के कमरे से 2 लाख 60 हजार रुपए और भी पाए गए हैं । हालांकि रुपयों को लेकर एसडीएम ने बताया कि हमने जो प्लाट बेचा था यह उसके पैसे हैं । लोकायुक्त की टीम में डीएसपी दिलीप झरबड़े के अलावा निरीक्षक मनोज गुप्ता, कमल सिंह उईके, आरक्षक गोविंद सिंह, विनोद चौहान, ड्राइवर सुरेंद्र सिंह ठाकुर सहित दो अन्य गुप्तचर मौजूद थे।

फरियादी ठेकेदार सुरेंद्र राय

इनका कहना है कि मिट्टी खदान की जो स्वीकृति जारी होती है उसके लिए एसडीएम की सहमति लगती है । जिसके बाद इनको अपना अभिमत भेजना पड़ता है । मेरी चार मिट्टी खदानों के लिए इनको अभिमत जारी करना था । लेकिन मुझसे 2 लाख रुपए की मांग कर रहे थे । आज दिनांक को तय हुआ था कि चारों खदानों की फाइल रेस्ट हाउस लेकर आऊंगा । और उसके एवज में 2 लाख रुपए देने की बात कही गई । मैंने आकर उन्हें 2 लाख रुपए दिए तो उन्होंने कहा कि सोफे के कवर के नीचे रख दीजिए । मैंने उनके बताए स्थान पर रुपए रख दिये उसके बाद लोकायुक्त की टीम ने आकर वह रुपए बरामद कर लिए हैं ।

एसडीएम रमेश बंशकार

इनका कहना है कि लोकायुक्त की कार्यवाही झूठी है मुझे फसाया जा रहा है। मैं रेस्ट हाउस में रहता हूं मेरा कमरा हमेशा लॉक रहता है, बाहर बैठक में कौन आता है कौन जाता है इसकी मुझे कोई जानकारी नहीं है । लोकायुक्त की कार्यवाही पर सवाल उठाते हुए कहा कि मुझे झूठे मामले में फंसाया जा रहा है ।