फतेहाबाद : 4 साल के मासूम ध्रुव और 25 वर्षीय रेखा की हृदय विदारक हत्या की वारदात को अंजाम देने वाले कलयुगी बाप व पति श्रवण को बेटे व पत्नी की हत्या का जिम्मेदार मानते हुए फतेहाबाद के सदर थाने की हरियाणा पुलिस ने गिफ्तार किया है l रोंगटे खड़े कर देने वाली इस जघन्य हत्या में प्रयुक्त पत्थर काटने वाला कटर, सर्जिकल ब्लेड और हथौड़ा भी पुलिस ने बरामद कर लिया है । हत्या के मामले को प्रथम दृष्टया सदर पुलिस प्रेम संबंधों से जोड़कर देख रही है । श्रवण ने पुलिस को गुमराह करते हुए खुद अपनी करतूतों को छिपाकर उल्टे मृतका (पत्नी) रेखा को कुचरित्र बता दिया है । यदि श्रवण ने पत्नी को बदचलन मानकर मौत के घाट उतारा तो 4 साल के मासूम को जान से खत्म क्यों किया ?

                                                                       28-29 जुलाई की  दरमियानी रात घटित घटना के बारे में सूत्र बताते हैं कि स्थानीय पुलिस पूरी तरह से गुमराह है । जबकि घटना वाली रात श्रवण के दोस्त पवन की स्विफ़्ट डिजायर कार श्रवण के घर के पास खड़ी देखी गई l श्रवण के दोस्त पवन की कार वहां क्या कर रही थी ? यह बड़ा सवाल है l पवन को इस वारदात से जोड़कर देखना इसलिए जरुरी हो गया है क्योंकि रेखा के पति श्रवण के गले का (R/S) लिखा हुआ गोल्ड पेंडल कहीं गिर जाने की बात श्रवण ने कुछ ही दिन पहले ही रेखा के परिवार व रिश्तेदारों को बताई थी । कुछ समय पहले रेखा के मायके वालों से श्रवण ने 2 लाख रुपयों की जरूरत बताकर उनसे रुपयों की मांग भी की थी । जानकारी के मुताबिक रेखा के रिश्तेदारों ने तथाकथित पेंडल श्रवण के दोस्त पवन की पत्नी के गले में देखा था l अब सवाल यह है कि इस जघन्य हत्या की वजह रेखा का किसी से प्रेम प्रसंग या श्रवण के किसी गैर महिला से सम्बन्ध है ? मामले की निष्पक्ष जांच को लेकर सदर थाने की पुलिस पर भी सवाल उठना शुरू हो गए हैं ।

                                        दूसरी तरफ सूत्र यह भी बताते हैं कि घटित घटना वाले मकान के जिस कमरे में हत्या की घटना को अंजाम दिया गया वहीं बाजू वाले कमरे में श्रवण के छोटे भाई बबरीक का परिवार भी रहता है । यहां विचारणीय है क्या महज़ 4 इंच की दीवार के बाद दूसरे कमरे में बबरीक उसकी पत्नी ने पत्थर काटने वाले कटर की आवाज़ या चीख पुकार नहीं सुनी होगी ? जबकि सूत्रों के मुताबिक घटना वाली रात 2 अन्य महिलाओं को भी श्रवण के घर से बार बार बाहर निकलते हुए देखा गया । अब ये 2 महिलाएं कौन थी इसका जवाब स्थानीय पुलिस के पास भी नही है।

                                     जानकारी के मुताबिक घटना की सूचना 29 जुलाई को सुबह 5 बजे के लगभग बबरीक ने रेखा की बहन के पति यानी श्रवण के साडूभाई को मोबाईल पर जानकारी देते हुए यह बताया कि रेखा ने खुद को और बेटे ध्रुव को खत्म कर लिया है । मामले की जानकारी लगते ही रेखा के मायके वाले राजस्थान के राजगढ़ से (मृतका) रेखा के मामा और छोटे भाई रिश्तेदारों के साथ सदर थाने पहुंचे । पुलिस मृतका के छोटे भाई विक्रम सिंह व मामा को साथ लेकर घटना स्थल श्रवण के घर पहुँची थी । बाकी को थाने में ही बैठा लिया गया l पुलिस ने रिस्तेदारों को थाने में क्यों बैठाया, यह भी स्पष्ट नही है। मृतक भांजे और बहन को खून से लथपथ देखते ही घबराये छोटे भाई विक्रम सिंह से मौके पर यह कहकर जिम्मेदार पुलिस ने कागजों पर कई हस्ताक्षर करवा लिए, कि डेड बॉडी उठाना है l सरकारी कागजों पर क्या लिखा है, पुलिस ने मृतका के भाई को नही बताया।

                                   बहन और मासूम भांजे की हत्या के वास्तविक आरोपियों पर कड़ी कार्यवाही को लेकर मृतका के (भाई) अशोक ने बताया कि सदर पुलिस हत्या जैसे संगीन अपराध के मामले में केवल खानापूर्ति कर रही है । केवल एक श्रवण के सर पर आरोप मढ़ कर बाकी आरोपियों को बक्श रही है । इसी के चलते मामले में निष्पक्ष कार्यवाही को लेकर फरियादी अशोक ने पुलिस IGP संजय सिंह को भी एक शिकायत आवेदन दिया है। घटना से चिंतित अशोक अब वरिष्ठ अधिकारियों के कार्यालयों के चक्कर काटने को मजबूर है ।