होशंगाबाद :   ग्राम रैसलपुर में शत-प्रतिशत पात्र बालिकाओं का सुकन्या समृद्धि खाता खोले जाने पर सम्मान समारोह आयोजित किया गया। कार्यक्रम में जिला पंचायत अध्यक्ष कुशल पटेल ने कहा कि हम सभी को बेटों और बेटियों को बराबर समझना चाहिए। उन्होंने उपस्थित लोगों से कहा कि वे अपने बेटो और बेटियों के लालन-पालन में भेदभाव न करें। दोनों की अच्छी परवरिश करें और उन्हें खूब पढाए लिखाएं।

               उन्होंने कहा कि कई बार हम बेटियों को उच्च शिक्षा प्रदान नहीं करते परन्तु अब प्रदेश के मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान गरीब बच्चों की फीस भरने के लिये योजना चला रहे हैं इसलिये फीस की चिंता करने की आवश्यकता नहीं है। श्री पटेल ने कहा कि बेटियों की सुरक्षा के लिये प्रदेश सरकार ने बेटियों के साथ दुव्र्यवहार करने वाले को फांसी देने का कानून बनाया है।  कार्यक्रम में जनपद पंचायत अध्यक्ष श्रीमती संगीता सोलंकी ने शत-प्रतिशत पात्र बालिकाओं का सुकन्या समृद्धि योजना में खाता खोलने पर ग्राम वासियों को बधाई देते हुए कहा कि मुख्यमंत्री श्री चौहान ने बेटियों के जन्म से लेकर पढाई तक का जिम्मा ले रखा है। उनके लिये कई योजनाएं सरकार द्वारा चलाई जा रही है।

             कार्यक्रम में कलेक्टर प्रियंका दास ने उपस्थित ग्राम वासियों को संबोधित करते हुए कहा कि हमे यह सोचने की आवश्यकता है कि आखिर बेटी बचाओ बेटी पढाओ योजना लागू क्यों करनी पडी। इसके पीछे कारण यह है कि सामाजिक कुरीतियों के कारण बेटियों की संख्या कम हो गई है। उन्होंने कहा कि इस अभियान के अंतर्गत सर्वप्रथम हमें अपनी सोच बदलने की आवश्यकता है। बेटों और बेटियों को हम एक समान समझेंगे तो स्थिति में परिवर्तन अवश्य होगा। कलेक्टर ने कहा कि इस अभियान के अंतर्गत बेटियों के स्वास्थ्य, शिक्षा, सुरक्षा एवं सम्मान पर ध्यान दिया जा रहा है। अच्छे स्वास्थ के लिये हम सबको यह प्रण लेना होगा कि गर्भवती महिलाओं की चिकित्सकीय जांच कराएं एवं उन्हें हर मंगलवार आंगनबाडी केन्द्र अवश्य भेजें। उन्होंने कहा कि हमे अपनी बेटियों को उच्च शिक्षा प्राप्त करने का मौका देना होगा।

           कलेक्टर ने स्वयं का उदाहरण देते हुए कहा कि अगर मेरे माता-पिता मुझे उच्च शिक्षा प्राप्त करने का मौका नहीं देते तो मैं कलेक्टर नहीं बन पाती। उन्होंने बेटियों से कहा कि वे अपनी सुरक्षा स्वयं करने के लिये आत्म विश्वास रखें। यदि कोई उनके साथ गलत करता है तो पुलिस कम्प्लेंट करें। कलेक्टर ने बेटियों के सम्मान पर जोर देते हुए कहा कि संस्कार सिर्फ बेटियों को नहीं बल्कि बेटों को भी दिये जाने की जरूरत है। हमें अपने बेटों को बेटियों का सम्मान करना सिखाना होगा। कार्यक्रम में पुलिस अधीक्षक श्री अरविंद सक्सेना ने कहा कि सभी लोग अपनी बेटियों को योग्यतानुसार उच्च शिक्षा दें। बेटियों की सुरक्षा के लिये यह आवश्यक है कि हम उनसे इस संबंध में बातचीत करते रहें। यदि कोई बेटियों के साथ दुव्र्यवहार करता है तो पुलिस को सूचना अवश्य दें। आपस में रिश्ते बिगडने या बदनामी के डर से अपराध को न छुपाएं। पुलिस द्वारा अपराधियों को कडी सजा दिलाई जाएगी। कार्यक्रम में जिला कार्यक्रम अधिकारी संजय त्रिपाठी ने बेटी बचाओ बेटी पढाओ योजना की जानकारी प्रदान की एवं बताया कि रैसलपुर जिले की प्रथम सुकन्या ग्राम पंचायत बनी है।

          कार्यक्रम में अतिथियों द्वारा ग्राम में गठित किये गये डॉटर्स क्लब के 13 दंपतियों को गौरव पत्र एवं तुलसी का पौधा देकर सम्मानित किया गया। उल्लेखनीय है कि इन सभी दंपतियो द्वारा अपने घर के सामने बेटियों के नाम की नेमप्लेट लगाकर घर को बेटी के नाम की पहचान देने का निर्णय लिया गया है। कार्यक्रम में सुकन्या समृद्धि योजना के अंतर्गत खोले गए खातों की पासबुक बालिकाओं को प्रदान की गई। लाडली लक्ष्मी योजना के प्रमाण पत्र अनन्या, मोहिनी, गौरी आदि को प्रदान किये गये। सुकन्या समृद्धि योजना में उत्कृष्ट कार्य करने के लिये रैसलपुर के डाकघर के कर्मचारियों, आंगनबाडी पर्यवेक्षक, कार्यकर्ता एवं सहायिकाओं को सम्मानित किया गया। ग्राम की मेधावी छात्राओं नमामि, रुपाली, नवोदिता एवं अंजली को बोर्ड परीक्षाओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने पर सम्मानित किया गया।