होशंगाबाद :  आपता मित्र परियोजना के अंतर्गत सामुदायिक स्वयं सेवकों का 2 दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम का शुभारंभ कलेक्ट्रेट के रेवा सभाकक्ष में किया गया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक आपदा प्रबंधन मनीष शंकर शर्मा ने कहा कि जीवन रक्षा मानवता का सबसे पुनीत कार्य है। उन्होंने कार्यक्रम में उपस्थित प्रशिक्षणार्थियों से कहा कि इस प्रशिक्षण में आपको आपदा के दौरान फस्र्ट रेस्पाँडर के रूप में प्रशिक्षित किया जा रहा है। इससे आपको जीवन रक्षा करने के पवित्र कार्य से जुड़ने का अवसर प्राप्त होगा।

                उन्होंने कहा कि भारत सरकार एवं राज्य सरकार द्वारा आपदा प्रबंधन के लिए एजेंसियां बनाई गई हैं परंतु ये संस्थाएं आपदा के दौरान फस्र्ट रेस्पाँडर नहीं बन सकती। फस्र्ट रेस्पाँडर बनने का कार्य आपदा के क्षेत्र में रहने वाले लोग कर सकते हैं। श्री शर्मा ने कहा कि आपदा मित्र परियोजना भारत सरकार द्वारा प्रारंभ की गई है इसी प्रकार राज्य सरकार द्वारा स्काउट्स, गाइड्स एवं एनएसएस के सदस्यों को आपदा प्रबंधन का प्रशिक्षण दिया जा रहा है। इसका उद्देश्य अधिक से अधिक लोगों विशेषकर महिलाओं एवं युवाओं को आपदा प्रबंधन से जोड़ना हैं। श्री शर्मा ने कहा कि आपदा प्रबंधन के कार्य में प्रशिक्षित होकर हम आपदा के दौरान होने वाली हानि को कम कर सकते हैं एवं अपनी तथा अपने आस-पास के लोगों की रक्षा कर सकते हैं।

               कार्यक्रम में होशंगाबाद जोन के पुलिस महानिरीक्षक श्री केसी जैन ने कहा कि आपदा प्रबंधन के इस प्रशिक्षण कार्यक्रम में ऐसी छोटी छोटी बातें सिखाई जाएंगी जो आपदा के समय अत्यंत महत्वपूर्ण होगी। उन्होने कहा कि पहले की अपेक्षा अब हमारे पास संसाधन एवं संचार माध्यम बढ़ गए हैं। ऐसी स्थिति में हमारा प्रयास यह होना चाहिए कि आपदा की स्थिति में कम से कम जन हानि हो। साथ ही लापरवाही के कारण होने वाले हादसो को रोकने का प्रयास भी हमें करना चाहिए। कार्यक्रम में कलेक्टर प्रियंका दास ने कहा कि स्थानीय लोगों को प्रशिक्षित करने से आपदा के दौरान होने वाले नुकसान को कम किया जा सकता है। आपदा के समय त्वरित एवं सही रिस्पाँस बहुत आवश्यक होता है। उन्होंने कहा कि इस प्रशिक्षण कार्यक्रम के माध्यम से प्रशिक्षित स्वयं सेवकों को जिला आपदा प्रबंधन कार्ययोजना से जोड़ा जाएगा। आपदा प्रबंधन के लिए ये स्वयं सेवक जिला प्रशासन का अंग रहेंगे।

             उन्होंने प्रशिक्षु स्वयं सेवकों से कहा कि वे अच्छी तरह से प्रशिक्षण मे सिखाई जाने वाली सभी गतिविधियां सीखें ताकि आपदा आने पर अधिक से अधिक लोगों की मदद कर सकें। कार्यशाला में एसडीएमए के उपसंचालक दिलीप सिंह ने बताया कि आपदा मित्र परियोजना के अंतर्गत प्रथम चरण में स्वयं सेवकों को प्रशिक्षण प्रदान करने के लिए पूरे देश में 30 जिलो का चयन किया गया है जिनमें होशंगाबाद एक है। उन्होंने बताया कि यह एक अभिनव योजना है जिसमें प्रशिक्षणार्थियों को प्रशिक्षण के साथ किट प्रदान की जाएगी जिसका उपयोग आपदा के दौरान किया जा सकेगा। इस प्रशिक्षण में अधिक से अधिक महिला स्वयं सेवकों को प्रशिक्षित किया जा रहा है। कार्यक्रम में डिस्ट्रिक्ट कमांडेंट होमगार्ड आरकेएस चौहान द्वारा आभार प्रदर्शन किया गया।

      कार्यक्रम में जनपद पंचायत अध्यक्ष श्रीमती संगीता सोलंकी, पुलिस अधीक्षक अरविंद सक्सेना, डिवीजनल कमांडेंट होमगार्ड श्रीमती उषा दामोर, पूर्व नगरपालिका अध्यक्ष श्रीमती माया नारोलिया, पियूष शर्मा, अन्य अधिकारीगण एवं प्रशिक्षु स्वयं सेवक उपस्थित रहे।