होशंगाबाद : जिले के आंगनबाडी केन्द्रों को कुपोषण मुक्त करने तथा जनसहभागिता सुनिश्चित करने हेतु नवाचार के रूप में अटल बाल पालक अभियान चलाया जा रहा है। अटल बाल पालकों द्वारा आंगनबाडी केन्द्रों को गोद लेकर बच्चों हेतु पौष्टिक सामग्री व आंगनबाडी केन्द्रों की मजबूती हेतु विभिन्न प्रकार की सामग्री प्रदाय की जा रही है। साथ ही कुपोषित बच्चों का शिशुरोग विशेषज्ञों द्वारा स्वास्थ्य परीक्षण भी किया जा रहा है।
इसी क्रम में आज लायन्स क्लब होशंगाबाद द्वारा परियोजना होशंगाबाद शहर के वार्ड क्रमांक 33 के 50 बच्चों का नेत्र परीक्षण व स्वास्थ्य परीक्षण डॉ. अतुल सेठा, डॉ. अभिषेक बाजोलिया, डॉ. संदीप चौहान एवं डॉ. राजेश चौहान द्वारा किया गया। कुपोषित बच्चो को नि:शुल्क दवाईयों का वितरण किया गया तथा साथ में बच्चों के हीमोग्लोबिन की जांच भी की गई। कुपोषित बच्चों को सोया बिस्किट व फलों का वितरण भी किया गया। जिला कार्यक्रम अधिकारी महिला एवं बाल विकास श्री संजय त्रिपाठी ने बताया कि जिले में अटल बाल पालकों द्वारा आंगनबाडी केन्द्र के बच्चों हेतु अतिरिक्त पौष्टिक सामग्री सोया सत्तू, सोया बिस्किट, सोया नटस, आंवला कैंडी, रागी खीर, सेरेग्रो, प्रोटीनेक्स, गेहूं व सूजी की खीर आदि प्रदान की जा रही है। अति कम वजन के बच्चों के मालिश हेतु आयुर्वेदिक महामाष व चंदनबला लक्षादि तेल का वितरण किया जा रहा है तथा आंगनबाडी केन्द्र के उन्नयन हेतु कुर्सी, पंखा, कूलर, एलईडी टीवी आदि प्रदाय की जा रही है।
त्रिपाठी ने बताया कि आंगनबाडी केन्द्रों में बाहर एवं अंदर सुलभ आकर्षक वॉल पेंटिंग कार्य किया गया है। साथ ही बच्चों हेतु यूनीफॉर्म, नर्सरी किट, स्वच्छता किट, म्यूजिक सिस्टम, प्ले मटेरियल आदि प्रदान किया गया है। अटल बाल पालकों द्वारा अति कम वजन के बच्चों के घर गृह भेट कर अभिभावकों की काउंसलिंग व पोषण परामर्श प्रदान किया जा रहा है। अटल बाल पालक श्री डीएस दांगी द्वारा वार्ड 33 ग्वालटोली की समस्त आंगनबाडी केन्द्रों को गोद लिया गया है तथा वह निरंतर उक्त आंगनबाडी केन्द्रों में भ्रमण कर बच्चों को अतिरिक्त पौष्टिक आहार का वितरण कर रहे हैं और अभिभावकों की काउंसलिंग भी कर रहे हैं।
स्वास्थ्य शिविर में जिला कार्यक्रम अधिकारी संजय त्रिपाठी, अटल बाल पालक डीएस दांगी, मोहम्मद आदिल फाजिल, दीपेश दुबे, मदन वर्मा, अजय वर्मा, सेक्टर पर्यवेक्षक तथा वार्ड की समस्त आंगनबाडी कार्यकर्ता उपस्थित थे।