होशंगाबाद : केरल में पिछले दिनों निपाह वायरस से हुई बीमारी और इसके कारण मृत्यु की घटनाओं को देखते हुए म.प्र. के लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग ने एडवाइजरी जारी की है। राज्य शासन ने निपाह वायरस बीमारी की रोकथाम और उपचार के लिए भारत शासन की गाइड लाईन जिले के मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. पीके चतुर्वेदी एवं सिविल सर्जन डॉ. सुधीर डेहरिया को भेजी है।
निपाह वायरस सामान्यत: बडी चमगादड़ और सूअर के माध्यम से मनुष्य में फैलने वाला संक्रामक रोग है। निपाह के सामान्य लक्षणों में बुखार, सिर दर्द, शरीर दर्द, खांसी, सांस लेने में तकलीफ, उल्टी, दस्त, बेहोशी, सुस्ती आना आदि शामिल हैं। जिले वासियों को आगाह किया गया है कि केरल से आने वाले लोगों के इलाकों और बडी चमगादड की मौजूदगी वाले क्षेत्रों में निपाह के लक्षण पाये जाने पर तत्काल निकट के शासकीय अस्पताल में स्वास्थ्य परीक्षण करायें। संचालक स्वास्थ्य सेवाएं भोपाल डॉ. बीएन चौहान ने बताया कि सामान्य रूप से यह बीमारी सीमित क्षेत्र में होती है। उन्होंने लोगों से अपील की है कि इससे घबरायें नहीं, इस बीमारी से बचाव के लिए आवश्यक सावधानी बरतें बडी चमगादडों द्वारा खाये हुए फलों और ताडी आदि का सेवन ना करें। ऐसे स्थानों पर जाने से बचें जहां बडी चमगादडों की मौजूदगी है। इसके अलावा निपाह के संदिग्ध मरीजों से दूरी बनाए रखें।