होशंगाबाद : महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा महिलाओं एवं बच्चो के लिए अनेक योजनाएं संचालित की जाती हैं। इसी क्रम में समेकित बाल संरक्षण योजना के अंतर्गत 18 वर्ष तक के कठिन परिस्थितियों में रहने वाले, देखरेख एवं संरक्षण की आवश्यकता वाले तथा विधि विवादित बच्चों को संरक्षण, सहायता एवं पुनर्वास प्रदान किया जाता है।
इस योजना के तहत प्रदेश में विभिन्न प्रकार के 140 गृह संचालित हैं। इन गृहों में बच्चों के लिए पोषण, शिक्षण, प्रशिक्षण, स्वास्थ्य एवं पुनर्वास की व्यवस्था की जाती है। इस योजना के लक्षित लाभार्थी विधि विवादित, निराश्रित, बेसहारा, गुमशुदा, भीख मांगने वाले, सडक पर निवास करने वाले एवं सडक पर कचरा बीनने वाले बच्चे हैं।
समेकित बाल संरक्षण योजना का लक्ष्य कठिन परिस्थितियों में रहने वाले बच्चों को वैधानिक और सहायक सेवाओं की आपूर्ति के लिए सभी सरकारी स्तरों पर संस्थापित कार्यशैली की संरचना निर्मित करना, भारत में बाल अधिकारों की स्थिति और सुरक्षा के बारे में सार्वजनिक जागरूकता पैदा करना तथा बाल संरक्षण सेवाओं तक बेहतर पहुंच और उनकी बेहतर गुणवत्ता सुनिश्चित करना है।