भोपाल :  प्रदेश में इस साल के अंत में होने वाले विधानसभा चुनाव के लिए कांग्रेस ने तैयारी शुरू कर दी है। अनुभवी कमलनाथ को मध्यप्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष बनाना और ज्योतिरादित्य सिंधिया को चुनाव अभियान समिति की कमान सौंपना इसी रणनीति का हिस्सा है l इसी रणनीति के तहत पार्टी का फोकस बूथ इकाई को मजबूत करना होगा, जिससे मिशन 2018 फतह किया जा सके। कांग्रेस माइक्रो मैनेजमेंट के तहत राज्य में 65150 बूथ पर 6 लाख 50 हजार प्रशिक्षित कार्यकर्ताओं की टीम को मैदान में उतारेगी। यानी 1 बूथ 10 यूथ। 

          कांग्रेस बीते तीन विधानसभा चुनावों में करारी हार के बाद इस बार सभी 230 विधानसभा क्षेत्रों में आने वाली बूथ इकाइयों को मजबूत कर रही है। पार्टी की रणनीति के अनुसार मध्यप्रदेश को 4 जोन में विभाजित कर प्रत्येक कार्यकारी अध्यक्ष के साथ एक सचिव हर जोन में काम करेगा। इनके साथ अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी (एआईसीसी) के समन्वयक भी अटैच होंगे। इसके अलावा प्रत्येक विधानसभा पर केंद्रीय नेतृत्व द्वारा नियुक्त एक कोऑर्डिनेटर की भी तैनाती की जाएगी, जिनका काम बूथ स्तर के कार्यकर्ताओं के साथ समन्वय बनाकर जमीनी स्तर पर पार्टी को चुनाव के लिए मजबूती प्रदान करना होगा।