बैतूल : सेना का सामान लेकर बेंगलुरु से फैजाबाद जा रही मालगाड़ी में अचानक आग लग गई। घटना मरामझिरी स्टेशन के पास 5 नम्बर बोगदे में हुई। आग के चलते सेना के 4 बड़े ट्रक जलकर खाक हो गए। घटना दोपहर करीब 1 बजे हुई।
जानकारी के मुताबिक बैतूल के धाराखोह और मरामझिरी रेलवे स्टेशन के बीच मालगाड़ी में लदे सामान में आग लग गई। मालगाड़ी में लदे सामान में आग लगने की सूचना मिलते ही बैतूल से पुलिस बल और फायर बिग्रेड मौके पर पहुंचे और आग बुझाने का काम शुरु किया गया।
जानकारी के अनुसार ओएचई तार टूटने के कारण मालगाड़ी में लदे वाहनों में आग लगी। मौके पर रेलवे के अधिकारियों के साथ पुलिस बल भी पहुंचा और आग को फैलने से रोका गया। दमकल ने कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया गया। मालगाड़ी में आग लगने के कारण अप ट्रैक पर रेल यातायात बन्द कर दिया। इस ट्रेक से गुजरने वाली ट्रेनों को फिलहाल बैतूल और आमला स्टेशन पर ही रोक दिया गया है। मालगाड़ी के अन्य बोगियों में सेना का विस्फोटक सामान रखा हुआ था। विस्फोटक रखे इन वैगन को सेना के जवानों ने सतर्कता बरतते हुए दूसरे इंजन की मदद से अलग किया और उन्हें दूर ले जाकर खड़ा किया। घाट सेक्शन होने के कारण रेलवे ट्रेक तक फायर वाहन नही पहुंच पा रहे हैं जिससे आग पर दोपहर 3 बजे तक काबू नहीं पाया जा सका था।
रेल यातायात हुआ बाधित -
बैतुल के पास रेलवे ट्रेक पर चलती मालगाड़ी में आग लग गयी। मालगाड़ी में सेना के 100 जवानों के साथ सरना के 16 ट्रक भी लदे हुए थे। आगजनी की इस घटना में सेना के 4 ट्रक पूरी तरह जल कर खाक हो गए। सूक्जन मिलते ही रेलवे के अधिकारी मौके पर पहुंचे, औऱ बमुश्किल आग पर काबू पाया जा सका,इटारसी नागपुर रेलवे रुट पर घटना और भी भयानक हो सकती थी। अगर आग सेना के असलहा और बारूद तक पहुंच जाती।
दरअसल सेना की ए डी रेजिमेंट के करीब 100 जवान, 16 ट्रक असलहा बारूद और अन्य साजो सामान के साथ बेंगलोर से फैजाबाद जा रहे थे। बैतुल से होकर मालगाड़ी इटारसी की ओर जा रही थी अचानक मरामझिरी और धाराखोह के जंगलों के बीच बने टनल से ट्रेन बाहर आई ट्रकों में आग लगी देखी गयी घटना की गंभीरता को देखते हुए सेना के जवानों ने आग बुझाने की काफी कोशिश की लेकिन आग बढ़ती गयी। जब तक फायर ब्रिगेड मौके पर पहुंचती 2 ट्रक जलकर खाक हो चुके थे। लेकिन आग बुझ नही पाई और सेना के 2और ट्रक आग की चपेट में आ गए।
इस घटना को लेकर सेना के अधिकारियों ने कुछ भी बोलने से साफ इंकार कर दिया। बताया जा रहा है कि आगजनी की ये घटना भयानक भी हो सकती थी क्योंकि ट्रेन के पीछे सेना का असलहा और बारूद रखा हुआ था। रेलवे के अधिकारियों के मुताबिक आगजनी के पीछे ओ एफ सी लाइन का टूटना बताया जा रहा है। फिलहाल आग पर काबू पा लिया गया है और रेल यातायात सुचारू करने कवायद जारी है।
वहीं इस सम्बन्ध में रेलवे एसपी रुचि वर्धन मिश्र ने बताया कि मालगाड़ी में आग लगकर सेना के चार वाहन जले है उन्होंने कहा कि प्रारभिक तौर पर आग लगने का कारण बिजली का शार्ट सर्किट होना सामने आया है ।परन्तु आग लगने की घटना की जांच रेलवे विभाग ही करता है पूरी जांच होने के बाद ही आग लगने के सही कारण पता चल सकेगा।उन्होंने बताया कि मालगाड़ी में सेना के वाहन सहित पूरी यूनिट थी जो बेंगलुरु से फैजाबाद जा रही थी ।और यह घटना बैतूल के धाराखोह रेलवे स्टेशन के समीप बोगदा नम्बर पांच में हुई इस ट्रेन में कुल 36 डिब्बे थे जिसमें से चार डिब्बे पर रखे चार ट्रक जल गए है।
आर्मी के ट्रक लेकर नागपुर से भोपाल की ओर जा रही एक मालगाड़ी में गुरुवार दोपहर करीब एक बजे आग लग गई। बताया जा रहा है कि मालगाड़ी में गोला-बारूद भी भरा है। घटना बैतूल और घोड़ाडोंगरी सेक्शन के मरामझिरी-धाराखोह स्टेशन के बीच हुई। बैतूल से पहुंची दमकल की गाड़ियों ने कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पा लिया। आग लगने के कारणों की जानकारी नहीं मिल पाई है। घटना की वजह से नागपुर-इटारसी ट्रैक पर रेल यातायात ठप हो गया। कई ट्रेनों को बैतूल और आमला स्टेशन पर रोका गया है।
बेंगलुरू से फैज़ाबाद जा रही थी मालगाड़ी -
जानकारी के अनुसार, आर्मी के दो ट्रक पूरी तरह जलकर खाक हो गए हैं। जबकि 2 ट्रकों में और आग लग ट्रकों में आग लगने की खबर है। - ट्रकों में आग कैसे लगी, अब तक इसकी कोई पुष्टि नहीं हो सकी है। मालगाड़ी ट्रकों को लेकर बेंगलुरू से फैज़ाबाद जा रही थी।
नागपुर से भोपाल आने वाली ट्रेनें प्रभावित -
इस घटना के बाद हैदराबाद-निजामुद्दीन दक्षिण एक्सप्रेस को बैतूल स्टेशन पर, बेंगलुरु दानापुर संघमित्रा एक्सप्रेस कोट मरामझिरी एवं पातालकोट एक्सप्रेस को आमला में रोका गया है। कई ट्रेनें भोपाल देरी से पहुंचेगी, दक्षिण एक्सप्रेस 2 घंटे से बैतूल में खड़ी है। संघमित्रा एक्सप्रेस करीब 3 घंटे तक मरामझिरी स्टेशन पर खड़ी कर दी गई है। इधर बैतूल कोतवाली टीआई राजेश साहू ने बताया कि आग पर काबू पा लिया है और चार ट्रक पूरी तरह जल गए है।