होशंगाबाद -  प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने आज अपने निवास पर आयोजित आंगनबाडी कार्यकर्ताओं और सहायिकाओं के लिए पोषण अभियान पर उन्मुखीकरण कार्यशाला को संबोधित करते हुए आंगनबाडी कार्यकर्ताओं और सहायिकाओं के लिए अनेक घोषणाएं की। मुख्यमंत्री चौहान ने आंगनबाडी कार्यकर्ताओं का मानदेय 10 हजार रूपए और सहायिकाओं का मानेदय 5 हजार रूपए महीना करने की घोषणा की है। साथ ही उनकी सेवानिवृत्ति की आयु भी शासकीय कर्मचारियों के समान 62 वर्ष की जाएगी। उन्हें यात्रा भत्ता भी दिया जाएगा। मुख्यमंत्री चौहान ने आंगनबाडी कार्यकर्ताओं और सहायिकाओं से आग्रह किया कि वे आंगनबाडी का उत्कृष्ट प्रबंधन करें और कुपोषण मुक्त म.प्र. बनाने में पूरी मेहनत से काम करे। उन्होंने कहा कि किसी भी आंगनबाडी कार्यकर्ता एवं सहायिका को बिना जांच के नहीं हटाया जाएगा। यदि आंगनबाडी सहायिका द्वारा आंगनबाडी कार्यकर्ता के रूप में चयन के लिए आवेदन किया जाता है तो उन्हें वरीयता दी जाएगी।

              इस अवसर पर मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि रिटायरमेंट के बाद आंगनबाडी कार्यकर्ताओं को एक लाख रूपए  और सहायिकाओं को 75 हजार रूपए दिए जाएंगे। यदि आकस्मिक रूप से उनकी मृत्यु हो जाती है तो उनके परिवार को 2 लाख रूपए की आर्थिक सहायता दी जाएगी। साथ ही उनकी बहन या बेटी को कार्यकर्ता/सहायिका के चयन में 10 अंक की वरीयता दी जाएगी। मुख्यमंत्री श्री चौहान ने दीनदयाल पोषण पुरस्कार की घोषणा की। उन्होंने कहा कि उत्कृष्ट कार्य करने वाली कार्यकर्ताओं और सहायिकाओं के लिए प्रत्येक परियोजना में तीन-तीन पुरस्कार दिए जाएंगे। आंगनबाडी कार्यकर्ताओं के लिए प्रथम पुरस्कार 7100 रूपए, द्वितीय पुरस्कार 5100 रूपए और तृतीय पुरस्कार 2100 रूपए के दिए जाएंगे। इसी प्रकार सहायिकाओं के लिए प्रथम पुरस्कार 5100 रूपए, द्वितीय पुरस्कार 2100 रूपए एवं तृतीय पुरस्कार 1100 रूपए का दिया जाएगा।

             इस अवसर पर महिला एवं बाल विकास मंत्री श्रीमती अर्चना चिटनिस ने कहा कि मुख्यमंत्री श्री चौहान ने सेवा और विकास के क्षेत्र में पूरे देश में नया कीर्तिमान स्थापित किया है। आंगनबाडी कार्यकर्ता स्वास्थ्य एवं अन्य शासकीय सेवाओं के प्रदाय करने की जिम्मेदारी के साथ ही निचले स्तर पर प्रमुख योजनाओं के क्रियान्वयन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है।

             इस अवसर पर आयुक्त महिला सशक्तिकरण श्रीमती जयश्री कियावत, आयुक्त आईसीडीएस श्री संदीप यादव एवं बड़ी संख्या में प्रदेश भर से आई आंगनबाडी कार्यकर्ता एवं सहायिकाएं उपस्थित थीं।