पिपरिया - MPEB में हुए भर्ती फर्जीवाड़े की जाँच में लीपापोती करने वाले बिजली विभाग के जिम्मदारों पर ऑल इंडिया आरटीआई एक्टिविस्ट कौंसिल ने शिकंजा कसने की ठान ली है l MPEB द्वारा सूचना के अधिकार के तहत दी गयी जानकारी के आधार पर कौंसिल उच्चस्तरीय जाँच की माँग करेगा l कर्मचारियों के वेरिफिकेशन सम्बंधित मामले की जाँच को लेकर भी कॉउंसिल द्वारा सत्यापन माँगा जायेगा ।
पिपरिया बिजली विभाग में आउटसोर्स कर्मचारियों की फर्जी भर्ती का मामला अब टूल पकड़ रहा है l जानकारी के अनुसार पिछले दिनों पिपरिया एमपीईबी में अनुबंधित कंपनी के सुपरवाइजरों द्वारा आउटसोर्स कर्मचारियों की पैसे लेकर फर्जी भर्ती के मामले में को मीडिया द्वारा उजागर करने के बाद बिजली विभाग के आलाधिकारियों द्वारा जाँच प्रक्रिया में भी फर्जीवाड़ा उजागर हुआ है ।
जानकारी के अनुसार शिकायतकर्ताओं द्वारा आरटीआई के तहत मांगी गई जानकारी में अधिकारियों द्वारा गोलमोल जवाब दिया गया है l सूचना के अधिकार नियम की धज्जियाँ उड़ाई गई हैं । अधिकारियों द्वारा जाँच के नाम पर लीपापोती कर मामले को दबाने ओर दोषियों को बचाने की कोशिश की गई है l
इतने बड़े फर्जी मामले के उजागर होने के बाद भी दोषियों पर कोई कार्यवाही नहीं हो रही है l इस बात से लगता है कि बिजली विभाग किसी के दबाव में काम कर रहा है ओर इससे जाँच रिपोर्ट प्रभावित हो रही है l मांगे जाने पर भी बिजली विभाग जाँच रिपोर्ट नहीं दे रहा है l
इसलिए अब इस मामले पर ऑल इंडिया आरटीआई एक्टिविस्ट कौंसिल सूचना के अधिकार के तहत प्राप्त जानकारी के आधार पर उच्च स्तरीय जाँच की मांग करके शिकंजा कसने की तयारी में हैं l