होशंगाबाद -  सेंट्रल म.प्र. ग्रामीण बैंक द्वारा आज होटल सांई दर्शन में जिले के उत्पादक संगठनों एवं स्वसहायता समूहों को ऋण सहायता देने के उद्देश्य से शिविर का आयोजन किया गया। जिला स्तरीय शिविर में सेंट्रल म.प्र. ग्रामीण बैंक के अध्यक्ष श्री विवेक कुमार मुख्य अतिथि के रूप में मौजूद थे। शिविर में रेवांचल महिला फार्मर प्रोड्यूसर कंपनी रोहना की महिलाएं तथा जय बलराम बीज उत्पादन समिति भरलाय, सांई ग्रो मशरूम समिति होशंगाबाद, समेत विभिन्न ग्रामों से आए स्वसहायता समूह के सदस्यगण मौजूद थे। शिविर में विभिन्न ग्रामों से आए स्वसहायता समूह को 1 करोड़ रूपए तक की सहायता राशि के चैक वितरित किए गए।

               इस अवसर पर शिविर को संबोधित करते हुए अध्यक्ष श्री विवेक कुमार ने कार्यक्रम की सराहना करते हुए कहा कि जिस तरह विभिन्न ग्रामों की महिलाएं संगठित होकर कार्य कर रही हैं। इससे यह महिलाएं अपने परिवार के लिए सशक्त एवं संबल बनकर उभर रही हैं तथा परिवार एवं समाज की प्रगति में अपना योगदान दे रही हैं। उन्होंने कहा कि सेंट्रल म.प्र. ग्रामीण बैंक हमेशा से इन महिलाओं के साथ है और इन महिलाओं को हर प्रकार से सहायता देने का प्रयास करता है। नाबार्ड के जिला विकास प्रबंधक श्री नरेश तिजारे ने शिविर में महिलाओं को संबोधित करते हुए कहा कि नाबार्ड द्वारा जिले में 4 फार्मर प्रोडयूसर कंपरियों को सहायता दी जा रही है। इस मदद वे निश्चित ही कृषि क्षेत्र में सुधार होगा तथा किसान संगठित रूप से कृषि की समस्याओं को हल कर सकेंगे।

             शिविर में अग्रणी जिला प्रबंधक श्री आर.के. त्रिपाठी ने अपने संबोधन में कहा कि महिलाएं अब ना केवल स्वसहायता समूह चलाकर बचत करना ही नहीं जानती बल्कि समूहों से आगे बढ़कर कंपनी चला रही हैं। वास्तव में यही महिला सशक्तिकरण है। रेवांचल महिला कंपनी में 300 से अधिक महिलाओं ने जुड़कर यह साबित कर दिया है । इस अवसर पर मौजूद आत्मा परियोजना के संचालक श्री एम.एल. दिलवारिया ने महिलाओं को जैविक कृषि को अपनाने हेतु आसान गुण सिखाए।

            कार्यक्रम के अंत में सेंट्रल म.प्र. ग्रामीण बैंक के क्षेत्रीय प्रबंधक श्री एस.के. तिवारी ने सभी का आभार व्यक्त किया। कार्यक्रम में एन.आर.एल.एम. के जिला कार्यक्रम प्रबंधक श्री आशीष शर्मा समेत जिले के 145 प्रतिभागी सम्मिलित हुए।