उमरिया | वन परिक्षेत्र घुनघुटी अंतर्गत कांचोंदर बीट के समीप आमगार से सटे पहाड़ी के नीचे क्षत विक्षत अवस्था मे बाघ का शव मिला है, प्रथम द्रष्टया शव देखकर ये कयास लगाए जा रहे है कि बाघ की मौत 70 से 72 घण्टे से अधिक समय का है|  सूत्र बताते है कि वन विभाग को सुबह 10 बजे जानकारी के बाद पूरी टीम घटना स्थल पहुंच गई,  टीम में सीसीएफ टी एस चतुर्वेदी,एसडीओ राहुल मिश्र,रेंजर त्रिपाठी सहित कई अधिकारी एवम कर्मचारी मौजूद रहे । घटना की जानकारी मिलने के बाद से ही 2 हफ्ते के अंदर ही एक ही परिक्षेत्र के कुछ फासले पर ही दो बाघों की मौत से वन अमले की सांसें बन्द है| विदित हो कि अभी हाल में बीते रविवार 3 दिसंबर को घुनघुटी परिक्षेत्र के अर्जुनी बीट (धौरई )  आर एफ़ 209 में पांच आरोपी शिकारियों के द्वारा करेंट  लगाकर बाघ का शिकार किया गया था, घटना के बाद डॉग स्काड आदि की मदद से गुरुवार को ही वन अमले ने शिकारियों की गिरफ्तारी की थी, गिरफ्तारी के बाद महज 4 दिनों के अंदर ही उसी परिक्षेत्र में दूसरे बाघ की मौत सम्बन्धित वन अमले की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाता है। सूत्रों की माने तो मौके पर जल्द ही डॉग स्काड  पहुंचकर बाघ की मौत के कारणों की जानकारी जुटाएगा, इसके अलावा मुख्य कार्यालय भोपाल से भी सम्बन्धित अधिकारियों के पहुंचने का अंदेशा लगाया जा रहा है, देखना होगा लगातार वन क्षेत्र में सक्रिय शिकारियों के द्वारा शिकार में मारे जा रहे बाघों से कब तक वन अमला गम्भीर एवम सजग होता है साथ ही वन क्षेत्र में विचरण कर रहे बाघ सहित दूसरे वन्य प्राणी अपने को कब तक वन क्षेत्र में विचरण के दौरान सुरक्षित महसूस कर पाते है।